बीकानेर में इंदिरा गांधी नहर परियोजना की डिग्गियों के निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोप, किसानों में भारी आक्रोश बीकानेर | विशेष रिपोर्ट
बीकानेर में इंदिरा गांधी नहर परियोजना की डिग्गियों के निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोप, किसानों में भारी आक्रोश बीकानेर | विशेष रिपोर्ट
बीकानेर जिले के कोलायत लिफ्ट नहर क्षेत्र में बन रही सिंचाई पानी की डिग्गियों के निर्माण कार्य में भारी अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप सामने आए हैं। गिराजसर वितरिका क्षेत्र में बन रही इन डिग्गियों के निर्माण में गुणवत्ता से समझौता करने का आरोप लगाया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि इन डिग्गियों का निर्माण LCC Project Pvt. Ltd. और MVK Project Pvt. Ltd. द्वारा किया जा रहा है। किसानों का आरोप है कि डिग्गियों की खुदाई के बाद उसी मिट्टी को पास में डालकर टीलों का रूप दे दिया गया है। किसानों का कहना है कि तेज आंधी आने पर यही मिट्टी वापस डिग्गियों में भर जाएगी, जिससे निर्माण कार्य का कोई स्थायी लाभ नहीं मिलेगा।
किसानों का यह भी कहना है कि अभी तक कई डिग्गियों का निर्माण कार्य पूरी तरह पूरा नहीं हुआ है, इसके बावजूद अग्रिम भुगतान उठाने की तैयारी की जा रही है। किसानों ने विभाग के कुछ अधिकारियों पर भी मिलीभगत के आरोप लगाए हैं।
स्थानीय किसानों के अनुसार, कुछ जगहों पर अधिकारियों और ठेकेदारों की सांठगांठ से किसानों से भी पैसे वसूले जाने की बात सामने आई है। इतना ही नहीं, निर्माणाधीन डिग्गियों को अवैध तरीके से नहर से पानी भरकर पास के किसानों को फायदा पहुंचाने की भी शिकायतें सामने आई हैं।
जब कुछ किसानों ने इसका विरोध किया तो मौके पर विवाद और हंगामे की स्थिति बन गई। किसानों ने अधिकारियों से शिकायत भी की, लेकिन अब तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार की बूंद-बूंद सिंचाई योजना के तहत लगभग 1600 करोड़ रुपये की लागत से यह परियोजना चलाई जा रही है। इस परियोजना को वर्ष 2018 तक पूरा करने की डेडलाइन तय की गई थी, लेकिन आज तक कई जगहों पर काम अधूरा पड़ा हुआ है।
अब किसानों ने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।