एडवोकेट रक्षपाल विश्नोई ने आत्मदाह की गंभीर चेतावनी दी
एडवोकेट रक्षपाल विश्नोई ने आत्मदाह की गंभीर चेतावनी दी
राज्य वृक्ष खेजड़ी की बड़े पैमाने पर हो रही कटाई को लेकर पर्यावरण प्रेमियों में रोष लगातार बढ़ता जा रहा है। इसी कड़ी में एडवोकेट रक्षपाल विश्नोई ने संभागीय आयुक्त बीकानेर को एक पत्र सौंपते हुए गंभीर चेतावनी दी है।
एडवोकेट विश्नोई ने पत्र में आरोप लगाया कि करणीसर भाटियान तथा भानीपुरा कालासर की रोही क्षेत्र में हाल ही में लगभग 1300 खेजड़ी के पेड़ों की अवैध रूप से कटाई की गई है। इस घटना से वे मानसिक रूप से आहत और अत्यंत क्षुब्ध हैं। उन्होंने कहा कि खेजड़ी जैसे पवित्र और संरक्षित राज्य वृक्ष का इस तरह नष्ट होना पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है।
पत्र में जिला प्रशासन पर सोलर कंपनियों को संरक्षण देने का आरोप भी लगाया गया है। विश्नोई के अनुसार पिछले तीन वर्षों से पर्यावरण प्रेमी लगातार ज्ञापन दे रहे हैं, धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं और शिकायतें दर्ज करवा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद जिला प्रशासन द्वारा अब तक कोई ठोस और प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है।
एडवोकेट रक्षपाल विश्नोई ने चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में बीकानेर जिले के किसी भी क्षेत्र में सोलर परियोजनाओं के नाम पर खेजड़ी वृक्षों की अवैध कटाई की गई, तो वे जिला कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक कार्यालय के समक्ष आत्मदाह करने को विवश होंगे। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि यह कदम वे वृक्ष और वन्यजीव संरक्षण के लिए बलिदान देने वाले 363 शहीदों की शहादत को समर्पित करेंगे।
इस पत्र के सामने आने के बाद प्रशासनिक हलकों में हलचल मच गई है। वहीं, विभिन्न पर्यावरण प्रेमी संगठनों ने भी खेजड़ी संरक्षण को लेकर सख्त कार्रवाई की मांग को और तेज कर दिया है।